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Parliament Monsoon Session , 11 Aug :संसद के मानसून सत्र के आखिरी दिनों में भी सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच टकराव कम होने का नाम नहीं ले रहा है. मंगलवार (11 अगस्त) को NDA सांसदों ने विपक्ष के खिलाफ संसद परिसर में मार्च निकाला. यह मार्च मकर द्वार तक पहुंचा, जहां सांसदों ने विपक्ष पर सदन की कार्यवाही बाधित करने का आरोप लगाया. प्रदर्शन के दौरान खास तौर पर कांग्रेस और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी निशाने पर रहे.
दरअसल, झारखंड की राजधानी रांची में छात्रों के प्रदर्शन के दौरान पुलिस लाठीचार्ज का मुद्दा संसद में गरमाया हुआ है. NDA सांसदों का कहना है कि गृह मंत्री अमित शाह इस मामले पर सदन में चर्चा और जवाब देने के लिए तैयार हैं, लेकिन विपक्ष चर्चा से बच रहा है. बीजेपी सांसद अनुराग ठाकुर ने आरोप लगाया कि झारखंड में युवाओं के साथ ज्यादती हुई और विपक्ष इस मुद्दे पर गंभीर चर्चा करने के बजाय राजनीतिक बयानबाजी कर रहा है.
वहीं, सांसद अरुण गोविल ने भी विपक्ष के रवैये पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब सरकार बहस के लिए तैयार है, तब विपक्ष को सदन में मौजूद रहकर अपनी बात रखनी चाहिए.
‘मंगल मिलन’ में एकजुट दिखा NDA
मार्च से पहले NDA संसदीय दल की साप्ताहिक ‘मंगल मिलन’ बैठक हुई. संसद की लाइब्रेरी बिल्डिंग स्थित जीएमसी बालयोगी ऑडिटोरियम में आयोजित बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन, जेपी नड्डा, किरेन रिजिजू और अर्जुन राम मेघवाल समेत NDA के कई सांसद मौजूद रहे.
बैठक में सांसदों ने हाथों में तिरंगा लेकर ‘वंदे मातरम’ और ‘भारत माता की जय’ के नारे लगाए. साथ ही सत्र के बचे दिनों में सरकार की रणनीति और जरूरी विधेयकों को आगे बढ़ाने पर चर्चा हुई.
विपक्ष अपनी मांगों पर कायम
दूसरी ओर, कांग्रेस समेत INDIA गठबंधन के दल अपनी मांगों से पीछे हटने को तैयार नहीं हैं. विपक्ष राम मंदिर के चढ़ावे में कथित चोरी या दुरुपयोग के मुद्दे पर चर्चा, छात्रों पर पुलिस कार्रवाई को लेकर गृह मंत्री के जवाब की मांग कर रहा है.
संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने राहुल गांधी से कहा कि जब गृह मंत्री जवाब देने को तैयार हैं, तो उन्हें सदन में रहकर चर्चा में शामिल होना चाहिए. मानसून सत्र अब अंतिम दौर में है और ऐसे में दोनों पक्षों के आमने-सामने आने से सदन की कार्यवाही पर सबकी नजर बनी हुई है.



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