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नोएडा , 8 Aug : नोएडा से ग्रेटर नोएडा वेस्ट तक एक्वा लाइन मेट्रो के विस्तार की दिशा में बड़ी उपलब्धि सामने आई है. इस महत्वाकांक्षी परियोजना को पब्लिक इन्वेस्टमेंट बोर्ड (PIB) से मंजूरी मिल गई है. इसके बाद परियोजना को आगे बढ़ाने की प्रक्रिया तेज हो गई है. नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (NMRC) की 48वीं बोर्ड बैठक में परियोजना की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) को मिनिस्ट्री ऑफ अर्बन अफेयर्स को भेजने का निर्णय लिया गया.
7.5 किलोमीटर लंबा होगा नया मेट्रो रूट
प्रस्तावित मेट्रो कॉरिडोर की लंबाई करीब 7.5 किलोमीटर होगी. इस रूट पर कुल 5 मेट्रो स्टेशन प्रस्तावित किए गए हैं. इनमें सेक्टर-61, सेक्टर-70, सेक्टर-122, सेक्टर-123 और ग्रेटर नोएडा सेक्टर-4 स्टेशन शामिल हैं. यह विस्तार नोएडा और ग्रेटर नोएडा वेस्ट के बीच सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को मजबूत करेगा. मौजूदा समय में इस क्षेत्र में तेजी से बढ़ती आबादी और वाहनों की संख्या के चलते सड़क यातायात का दबाव लगातार बढ़ रहा है. मेट्रो सेवा शुरू होने के बाद लोगों को निजी वाहनों के बजाय तेज और सुविधाजनक सार्वजनिक परिवहन का विकल्प मिलेगा.
5 लाख लोगों को सीधे फायदा
इस परियोजना से नोएडा और ग्रेटर नोएडा वेस्ट के करीब 5 लाख लोगों को लाभ मिलने की उम्मीद है. मेट्रो कनेक्टिविटी बढ़ने से रोजाना आने-जाने वाले लोगों को राहत मिलेगी और सड़कों पर वाहनों का दबाव भी कम हो सकता है. इससे क्षेत्र में जाम की समस्या को कम करने में मदद मिलने की उम्मीद है.
केंद्र और राज्य सरकार करेंगे आर्थिक सहयोग
मेट्रो विस्तार परियोजना के लिए केंद्र सरकार, उत्तर प्रदेश सरकार, नोएडा प्राधिकरण और ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण वित्तीय सहयोग करेंगे. PIB से मंजूरी मिलने के बाद परियोजना को अमलीजामा पहनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम आगे बढ़ा है.
RRTS से भी जुड़ेगी मेट्रो लाइन
प्रस्तावित एक्वा लाइन विस्तार की एक बड़ी खासियत यह होगी कि यह आगे चलकर गाजियाबाद से जेवर एयरपोर्ट तक प्रस्तावित RRTS कॉरिडोर से भी जुड़ सकेगी. इससे नोएडा-ग्रेटर नोएडा वेस्ट क्षेत्र की कनेक्टिविटी गाजियाबाद और जेवर एयरपोर्ट तक बेहतर होने की संभावना है. इससे यात्रियों को क्षेत्रीय स्तर पर सार्वजनिक परिवहन का एक मजबूत नेटवर्क मिल सकेगा.






