
19 Jan : सोना-चांदी की कीमतों को लेकर गिरावट के सारे अनुमान धरे के धरे नजर आ रहे हैं. दरअसल दोनों कीमती धातुएं हर रोज एक नया रिकॉर्ड तोड़ती दिख रही हैं. सप्ताह के पहले दिन सोमवार को चांदी ने तो खुलते ही ऐसा गदर मचाया कि 1 किलो चांदी का भाव 3 लाख रुपये के पार निकल गया. पिछले शुक्रवार को भाव 2,87,762 रुपये पर बंद हुआ था. बता दें कि चांदी जनवरी में अब तक 65,614 रुपये प्रति किलो महंगी हो चुकी है. पिछले साल 31 दिसंबर 2025 को इसका भाव 2,35,701 रुपये था. साथ ही सोने ने भी अपने भावों(Gold-Silver Rates) में ताबड़तोड़ तेजी दिखाते हुए प्रति 10 ग्राम पर 2,983 रुपये की महंगाई दर्ज की.
कैसे चांद पर पहुंची चांदी?
MCX पर चांदी ने सोमवार को ऐसा धमाल मचा दिया कि खुलते ही भाव 13,553 रुपये ऊपर चढ़ गया. 1 किलो चांदी का भाव 3,01,315 रुपये (MCX Silver Rate) पर पहुंच गया. ज्ञात रहे यह पहली बार है कि जब चांदी ने 3 लाख का आंकड़ा पार किया है. वहीं पिछले सप्ताह के आखिरी दिन भाव 2,87,762 रुपये था. इस हिसाब से चांदी के भाव में जनवरी से अब तक 65,614 रुपये की बढ़ोतरी हो चुकी है. बता दें कि बढ़ते ग्लोबल टेंशन और ट्रंप के टैरिफ के चलते निवेशक चांदी की ओर रुख कर रहे हैं. जिसके चलते चांदी अब रुकने का नाम नहीं ले रही.
सोने (MCX Gold Rate) के भाव भी छू रहे आसमान
सोने ने भी चांदी के साथ रफ्तार पकड़ी हुई है. शुक्रवार को सोने का भाव 1,42,517 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था, जोकि सोमवार को खुलते ही 1,45,500 रुपये के ऑल टाइम हाई पर पहुंच गया. 10 ग्राम 24 कैरेट का सोना 2,983 रुपये महंगा हुआ. बताया दें कि साल की शुरुआत से अब तक सोने के भाव में 9,696 रुपये प्रति 10 ग्राम का उछाल देखा गया है. अब यही लग रहा है कि ट्रंप टैरिफ और ग्लोबल टेंशन से सोना भी सुरक्षित ठिकाना बन गया है.
सोना-चांदी (Gold-Silver Rates) क्यों खा रहे इतना भाव?
दरअसल, सोने और चांदी की कीमतों में तेजी का मुख्य कारण ग्लोबल टेंशन है. ट्रंप टैरिफ से दुनियाभर में असंतुलन बढ़ा है. वहीं अब ग्रीनलैंड पर कब्जे के प्लान में यूरोपीय देशों ने जब रुकावट का सोचा तो अमेरिका ने उन पर टैरिफ जड़ने का जिक्र कर दिया. इससे टेंशन इतनी बढ़ गई जितना की आम आदमी को पेंशन की न होती. अब निवेशक सुरक्षित ठिकानों की तलाश में सोना-चांदी की ओर भाग रहे हैं. जिसके चलते इनकी कीमतें हर रोज नए रिकॉर्ड बना रही हैं. वहीं विद्वानों के गिरावट के सारे अनुमान धरे के धरे रह जा रहे हैं.
क्या कीमतों पर लगेगा ब्रेक?
चांदी और सोने की कीमतें रुकने का नाम नहीं ले रही. ग्लोबल टेंशन बढ़ने से निवेशक इनकी ओर आकर्षित हो रहे हैं. ट्रंप टैरिफ और यूरोपीय देशों के साथ तनाव से बाजार में अनिश्चितता है. ऐसे में सोना-चांदी सुरक्षित निवेश का विकल्प बन गए हैं. जानकारों की मानें तो आने वाले दिनों में इनकी कीमतों में और तेजी दिख सकती है. हालांकि निवेशकों के लिए यह मौका भी है और जोखिम भी.







